होटल रिसेप्शन पर चाय की कीमत और मौसम की बातें – जब मेहमान बातूनी निकल जाए!
इमेजिन कीजिए – आप होटल के रिसेप्शन पर अकेले बैठकर अपनी ड्यूटी कर रहे हैं, और अचानक एक मेहमान आता है, सवाल पूछता है, जवाब मिलते ही वहीं खड़ा हो जाता है। फिर शुरू हो जाता है मौसम और अपने राज्य की बातें! अब आप सोचिए – “भैया, मैंने जवाब तो दे दिया, अब और क्या चाहिए?” ऐसा अनुभव सिर्फ फिल्मों में नहीं होता, बल्कि होटल इंडस्ट्री में काम करने वालों की रोजमर्रा की ज़िन्दगी है।
होटल रिसेप्शनिस्ट होना जितना आसान लगता है, उतना है नहीं। खासकर अगर आप स्वभाव से थोड़े अंतर्मुखी (introvert) हों, तो कभी-कभी लगता है जैसे आप मनचाहा काम कर नहीं रहे, बल्कि अचानक "थेरेपिस्ट", "गूगल", और "टेक सपोर्ट" सब कुछ बन गए हैं!