छोटे होटलों के बड़े झमेले: जब ग्राहक ने चार्जबैक से कर दिया झटका!
कभी-कभी किस्मत भी ऐसी करवट लेती है कि समझ ही नहीं आता – किसका भरोसा करें, मेहमान का या अपने ही नियमों का! छोटे होटल या रिसॉर्ट चलाना वैसे ही रोज़ नए सरप्राइज से कम नहीं, ऊपर से अगर कोई ग्राहक चार्जबैक का पैंतरा चला दे, तो दिल बैठ जाता है। ऐसी ही एक कहानी है एक फैमिली रन बुटीक रिसॉर्ट की, जहाँ मालिक ने ईमानदारी से नीति बनाई, सब कुछ लिखित में रखा, लेकिन फिर भी बैंक और ग्राहक ने ऐसी चाल चली कि मालिक जी बस सिर पकड़कर बैठ गए!