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किस्सागो

जब एक SDR ने घमंडी ग्राहक को उसकी औकात दिखा दी – एक छोटी सी मीठी बदला कहानी

एक अभद्र व्यवसायी की कार्टून-3D छवि, जो SDR के ठंडी कॉल पर प्रतिक्रिया दे रहा है, उसकी आत्मविश्वासिता को दर्शाते हुए।
यह कार्टून-3D छवि उस क्षण को दर्शाती है जब एक ठंडी कॉल गलत हो जाती है—देखिए कैसे एक अभद्र व्यवसायी, जो आत्मविश्वास से भरा है, अपने करियर की शुरुआत कर रहे युवा SDR की प्रतिक्रिया करता है। यह ठंडी कॉलिंग की चुनौतियों पर एक मजेदार नज़र है!

हमारे देश में बिक्री या 'सेल्स' के क्षेत्र में काम करना किसी रणभूमि से कम नहीं है। हर फोन कॉल, हर मीटिंग एक नया युद्ध है – और अकसर सामने वाले की आवाज़ में ही अहंकार की तलवारें चमकने लगती हैं। आप सोचिए, जब कोई आपको बिना बुलाए फोन करता है, तो गुस्सा आना स्वाभाविक है। मगर क्या होगा जब कॉल करने वाला ही आपको आपकी ही भाषा में, पर बड़े ही शालीन अंदाज़ में, उल्टा चित्त कर दे?

जब भीड़भाड़ वाली लोकल ट्रेन में एक वेपर को मिली खांसी की 'मिठास'!

भीड़भाड़ वाले ट्रैन में एक व्यक्ति वेप कर रहा है, यात्रियों की असुविधा को दर्शाता है।
इस जीवंत एनीमे-शैली के दृश्य में, भरे हुए यात्री ट्रैन की तनावपूर्ण स्थिति स्पष्ट है, जब एक साथी यात्री वेप निकालता है, साझा स्थानों की चुनौतियों को उजागर करता है।

वर्किंग लोगों के लिए शाम की लोकल ट्रेन किसी युद्धभूमि से कम नहीं होती। ऑफिस का थकान, भीड़ का दबाव, और ऊपर से अगर पास में कोई बिना पूछे 'फ्रूटी' खुशबू वाली वेप फूंक दे... तो सोचिए क्या हाल होगा! आज की कहानी है ऐसे ही एक यात्री की, जिसने नियम तोड़ने वाले वेपर को ऐसा सबक सिखाया कि इंटरनेट पर लोग हंस-हंसकर लोटपोट हो गए।

होटल के बाथरूम में खीरा! ऐसी हरकतें केवल फिल्मों में नहीं होती

पूल क्षेत्र की सफाई कर रही हाउसकीपर, फर्श पर एक खीरा, दैनिक कार्यों का जीवंत दृश्य।
इस जीवंत छवि में, एक समर्पित हाउसकीपर पूल क्षेत्र को व्यवस्थित कर रही है, जबकि एक अनपेक्षित खीरा उसके सुबह के कार्य को थोड़ा मजेदार बना देता है। आतिथ्य की दुनिया में और कौन-से आश्चर्य इंतजार कर रहे हैं?

कहते हैं होटल की दीवारें बहुत कुछ देखती हैं, लेकिन बोलती नहीं। पर भाई, आज जो किस्सा सुनेंगे, उसके बाद आप भी सोचेंगे—“अरे भइया, ये तो हद कर दी!” किसी बॉलीवुड मसाला मूवी में होता तो लोग बोलते, “ओवरएक्टिंग है।” मगर जनाब, ये सच्ची घटना है।
सुबह-सुबह, होटल की हाउसकीपर दीदी रोज़ की तरह सफाई में जुटी थीं। पर उस दिन का उनका सामना एक ऐसी चीज़ से हुआ, जिसे देखकर कोई भी बोलेगा—“हे भगवान, ये क्या देख लिया!”

पहली नौकरी का कड़वा सच: जब सहकर्मी ही बन जाएं सिरदर्द

काम के माहौल में निराश कर्मचारी के चारों ओर अराजकता का माहौल दर्शाने वाला कार्टून-3डी चित्रण।
इस मजेदार कार्टून-3डी चित्रण के साथ कार्यस्थल के नाटक की जीवंत दुनिया में डुबकी लगाएँ। यह मेरे पहले काम की अराजक ऊर्जा और उन यादगार क्षणों को बखूबी दर्शाता है, जिन्होंने मुझे छोड़ने पर मजबूर किया। क्या आप सफाई कर्मचारियों के शोर से जुड़ाव महसूस करते हैं? चलिए, इन कहानियों को मिलकर unravel करते हैं!

हर कोई अपनी पहली नौकरी को लेकर बहुत सपने देखता है—नई जगह, नए लोग, और ढेर सारी उम्मीदें। लेकिन सोचिए, अगर आपके अपने ही सहकर्मी आपकी ज़िंदगी का सबसे बड़ा सिरदर्द बन जाएं, तो? होटल इंडस्ट्री में पहली जॉब करने वाली एक लड़की की कहानी है, जहां गेस्ट नहीं बल्कि स्टाफ ही असली चुनौती बन गए!

हमारे यहाँ अक्सर लोग कहते हैं, "काम से नहीं, लोगों से भागना पड़ता है।" इस कहानी में तो ये कहावत सोलह आने सच साबित हो गई।

जब कचरा भी बन गया जेंगा: किराएदारों की जुगाड़ु जंग

किराए के समुदाय में परिवार द्वारा कचरा बैग ढेर करने का एनीमे-शैली का चित्र, कचरा प्रबंधन की चुनौतियों को दर्शाता है।
इस जीवंत एनीमे चित्रण में, एक परिवार अपने साप्ताहिक कचरे को संभालने की चुनौतियों का सामना कर रहा है। डायपर से लेकर दूध की कैन तक, अपने घर को साफ-सुथरा रखना एक मजेदार तरीके से दर्शाया गया है। आप अपने परिवार के कचरे का कैसे प्रबंधन करते हैं?

कभी-कभी जीवन में सबसे बड़ी समस्याएँ वहीं से आती हैं, जहाँ आप सोचते हैं कि सबकुछ व्यवस्थित है—जैसे आपके घर का कचरा। सोचिए, आप एक सुंदर रिहायशी कॉलोनी में रहते हैं, लेकिन हफ्ते भर का कचरा हर बार सिरदर्द बन जाता है। और जब सिस्टम जवाब देने की जगह पल्ला झाड़ने लगे, तो आम आदमी क्या करे? यही सवाल था Reddit यूज़र u/Th3Wizard0F_____ का, जिनकी कहानी आज हम आपके लिए लाए हैं—जहाँ कचरे का डिब्बा, जुगाड़, और ‘Trash Jenga’ तक बात पहुँच गई!

जब बद्तमीज़ ग्राहक को मिली 'गैसी' सज़ा: अस्पताल की पार्किंग में अनोखा बदला!

अस्पताल में रात के शिफ्ट में वैलेट पार्किंग, ग्राहकों के साथ मजेदार बातचीत के साथ।
अस्पताल के वैलेट की रात की शिफ्ट का सचित्र वर्णन, अनपेक्षित ग्राहक मुठभेड़ों और उच्च दबाव वाले माहौल में काम करने के हल्के पक्ष को दर्शाता है।

क्या आपने कभी सोचा है कि आपके शब्दों का असर सामने वाले पर कितना गहरा पड़ता है? हम सबने कभी न कभी ग्राहक सेवा में काम करने वालों को डांट-फटकार लगाते देखा या सुना होगा। लेकिन कभी-कभी ऐसे कर्मचारियों के पास भी छोटे-छोटे बदले लेने के नायाब तरीके होते हैं! आज की कहानी है एक अस्पताल के वैलेट की, जिसने अपने 'अनोखे' स्टाइल से बद्तमीज़ ग्राहकों को सबक सिखाया—वो भी बड़ी ही मसालेदार (या कहें, महकदार!) अंदाज़ में।

जब 'कविना' को दो बोर्ड और एक डिवाइडर भी नहीं समझ आया: दुकान की मजेदार कहानी

शिफ्ट सुपरवाइज़र ग्राहक को चप्पल बेचते हुए, एक खुदरा दवा की दुकान के माहौल में।
इस सिनेमाई दृश्य में, शिफ्ट सुपरवाइज़र ग्राहक केविना के साथ एक मजेदार चेकआउट पल का सामना करते हैं, जो अपनी दो जोड़ी चप्पलों के मूल्य में भिन्नता पर अड़ जाती हैं। जीवंत खुदरा वातावरण रोज़मर्रा की खुदरा चुनौतियों की तनाव और हास्य को दर्शाता है।

आजकल की भागदौड़ भरी ज़िंदगी में, दुकानदारी सिर्फ़ सामान बेचने भर का काम नहीं रहा। यहाँ हर रोज़ नए-नए किरदार आते हैं—कभी कोई ग्राहक अपनी अजीब मांगों के साथ, तो कभी कोई समझदारी की मिसाल पेश करते हुए। लेकिन कभी-कभी ऐसे लोग भी आते हैं, जिनकी हरकतें देखकर हँसी भी आती है और हैरानी भी होती है। आज की कहानी कुछ ऐसी ही है, जिसमें एक 'कविना' नाम की ग्राहक ने स्टोर मैनेजर की परीक्षा ही ले ली।

दादाजी, स्नैक्स और अटारी: बचपन की शरारत और मीठा बदला

दादी के साथ एक युवा बच्चे का पुरानी यादों से भरा अटारी का दृश्य, जिसमें स्नैक्स बांटे जा रहे हैं।
इस सिनेमाई चित्रण में, एक युवा बच्चा दादी के साथ आरामदायक अटारी में खुशियों के पल बांटता है, जहां गांव की साहसिकता की यादों और पसंदीदा स्नैक्स का माहौल है।

बचपन के वो दिन, जब जेब में कुछ पैसे हों, मोहल्ले की गलियों में घूमना हो और दादी के हाथ का खाना मिले – ऐसे लम्हे हर किसी के दिल के बहुत करीब होते हैं। पर सोचिए, अगर इसी बचपन की मासूमियत में कोई आपसे आपकी सबसे प्यारी चीज़ – यानी आपकी स्नैक्स वाली पर्स ही छीन ले! क्या करेंगे आप? आज की कहानी ऐसी ही है, जिसमें एक छह साल के बच्चे की मासूमियत, उसके शरारती भाई-बहनों की चालाकी और दादाजी के अनोखे बदले की झलक है।

जलती सिगरेट और मुस्तांग: जब कूड़ा सड़क पर फेंकने वाले को मिला तगड़ा सबक

एक नया काला मस्टैंग तेजी से गुजरता हुआ, सड़क पर सिगरेट के बट्टे फैलाते हुए।
एक चमकदार काला मस्टैंग तेजी से गुजरता है, लेकिन इसके पीछे कचरे का एक निशान छोड़ जाता है। यह तस्वीर हमें याद दिलाती है कि सिगरेट के बट्टे कचरे में होने चाहिए, हमारे फुटपाथ पर नहीं।

आपने कभी सड़क पर चलते हुए देखा है कि कोई अपना कूड़ा सरेआम फेंक देता है? चाहे वो चिप्स का पैकेट हो या जलती सिगरेट की बट, ऐसे लोग मानो खुद को शेरसमझते हों। लेकिन क्या हो, जब ऐसे किसी "शेर" को कोई आम आदमी ही उसके अंदाज में जवाब दे दे? आज की कहानी बिल्कुल ऐसी ही है – थोड़ा सा मसालेदार, थोड़ी सी सीख, और भरपूर मनोरंजन!

सही प्रक्रिया अपनाओ' – ऑफिस की राजनीति में एक अनोखा पलटवार!

सहयोगी एक समय-संवेदनशील परीक्षण के लिए जरूरी भागों के ऑर्डर पर चर्चा कर रहे हैं।
इस फोटो यथार्थवादी छवि में, दो सहयोगी अपने प्रोजेक्ट में देरी से बचने के लिए आवश्यक भागों की तात्कालिकता पर गहन चर्चा कर रहे हैं। उनकी टीमवर्क पेशेवर संचार में उचित चैनलों के उपयोग के महत्व को उजागर करती है।

कभी-कभी हमारे ऑफिस का माहौल किसी हिंदी सीरियल से कम नहीं होता – थोड़ी सी चालाकी, थोड़ा सा ताना-बाना और कभी-कभी ऐसी पलटवार कि देखने वालों की हँसी छूट जाए। आज की कहानी एक ऐसे ही दफ्तर की है, जहाँ ‘सही प्रक्रिया’ के नाम पर एक सहकर्मी ने अपने ही पैर पर कुल्हाड़ी मार ली – और देखने वालों को मज़ा भी आ गया!