होटल में नस्लभेद का बवाल: साठ साल की कर्मचारी की नौकरी गई, अब क्या?
होटल इंडस्ट्री का काम जितना आकर्षक दिखता है, असल में उतना ही चुनौतीपूर्ण भी होता है। यहाँ हर दिन तरह-तरह के मेहमान आते हैं—कोई खुश, कोई नाराज़, कोई बहुत ही सीधे-साधे और कुछ ऐसे भी जिनके साथ आपका धैर्य ज़रूर आजमाया जाता है। मगर क्या हो जब उसी स्टाफ में कोई ऐसी हरकत कर बैठे जो न केवल नियमों के खिलाफ हो, बल्कि इंसानियत के भी विपरीत हो?
आज की कहानी है एक ऐसी महिला कर्मचारी की, जो तीन साल से ज्यादा समय से होटल में काम कर रही थीं। उम्र साठ के पार, लेकिन आदतें और सोच शायद बीते जमाने की। उनकी एक गलत सोच ने न केवल उनकी नौकरी छीन ली, बल्कि उनके साथियों और होटल की छवि पर भी सवाल खड़े कर दिए।