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होटल की लिफ्ट में हुआ ऐसा चमत्कार, रिसेप्शनिस्ट भी रह गया हैरान!

लिफ्ट के दृश्य में एक कपल असुविधाजनक स्थिति में, मजेदार होटल घटना को दर्शाते हुए।
एक अप्रत्याशित होटल नाटक के इस सिनेमाई पल में, कपल लिफ्ट के दरवाजे खुलते ही असुविधाजनक स्थिति में फंस जाते हैं। वहीं, एक मेहमान WiFi सहायता के लिए बेताब दिखता है, जो होटल जीवन की अनिश्चितता को उजागर करता है।

होटल का रिसेप्शन – एक ऐसी जगह जहाँ हर रोज़ कुछ न कुछ नया देखने को मिल जाता है। कभी कोई मेहमान चाय में चीनी कम होने पर नाराज़ हो जाता है, तो कभी कोई अपने कमरे के तौलिए की शिकायत लेकर आ जाता है। मगर कभी-कभी ऐसी घटनाएँ भी हो जाती हैं, जिनका किस्सा ज़िंदगी भर याद रह जाता है। आज की कहानी भी कुछ ऐसी ही है, जिसे सुनकर आप अपनी हँसी रोक नहीं पाएंगे!

वाईफाई की चिंता में डूबी मेहमान

तो शुरुआत होती है एक आम सी शाम से। रिसेप्शन डेस्क पर बैठे हमारे नायक के पास एक महिला आती है, चेहरा ऐसा जैसे दुनिया की सबसे बड़ी समस्या लेकर आई हों। "भैया, वाईफाई नहीं चल रहा! मेरा तो सब कुछ रुक गया है!" अब भला बताइए, वाईफाई ना चले तो आजकल की दुनिया सच में थम सी जाती है। रिसेप्शनिस्ट ने सोचा – चलो, मदद कर देते हैं, कौन सा रोज़-रोज़ ऐसा मौका मिलता है।

लिफ्ट में 'कुछ तो गड़बड़ है दया!'

रिसेप्शनिस्ट जनाब वाईफाई की समस्या सुलझाने महिला के कमरे की ओर बढ़ते हैं। होटल की लिफ्ट लॉबी में पहुंचकर, जैसे ही लिफ्ट का दरवाज़ा खुलता है… साहब! सामने का नज़ारा देख कोई भी शरमा जाए! लिफ्ट में एक जोड़ा खड़ा था – महिला घुटनों के बल नीचे, पुरुष खड़ा, और दोनों ऐसी 'समझदारी' में कि मनो CID के दया जी भी बोल उठें – "सर, कुछ तो गड़बड़ है!"

रिसेप्शनिस्ट ने झटपट 11वीं मंज़िल का बटन दबाया (मतलब, ऊपर जाना था), मगर साहस नहीं जुटा सके उसी लिफ्ट में जाने का। सोचिए, अगर हमारी किसी नानी-दादी को ये किस्सा सुनाएँ तो वो भी कहेंगी, "बेटा, आजकल के लोग…!"

सोशल मीडिया के कमेंट्स की महफ़िल

अब Reddit पर इस किस्से ने जैसे ही दस्तक दी, लोग भी चुटकी लेने लगे। एक सज्जन ने मज़ाक में लिखा – "अरे, वो तो प्रपोज़ल कर रही थी!" (मतलब, शादी का प्रस्ताव घुटनों पर बैठकर देना – जैसी बॉलीवुड फिल्मों में दिखाते हैं)। दूसरे ने कहा – "शायद महिला का एयरपॉड गिर गया था!" अब भला एयरपॉड ढूँढने के लिए ऐसी मुद्रा…? खैर, कुछ तो था उस लिफ्ट में जिसकी वजह से रिसेप्शनिस्ट आज भी लिफ्ट के दरवाज़े खुलने से पहले एक कदम पीछे हट जाते हैं।

एक और कमेंट था, "हो सकता है ये जोड़ा अब अपने हनीमून पर वापस आए!" वाह भई वाह, होटल का स्टाफ तो यादगार बना ही दिया!

वाईफाई का 'ज्ञान' और भारतीय जुगाड़

खैर, रिसेप्शनिस्ट दूसरी लिफ्ट से ऊपर पहुँचे और महिला के कमरे में पहुंचे। पता चला, महिला तो पहली बार वाईफाई कनेक्ट करने की कोशिश कर रही थीं! हमारे यहाँ तो बच्चा-बच्चा जुगाड़ू है – अगर वाईफाई ना चले तो मोबाइल डेटा, मोबाइल डेटा ना चले तो पड़ोसी का वाईफाई… मगर इस महिला के लिए तो ये सब पहली बार था। रिसेप्शनिस्ट ने बड़ी धैर्यपूर्वक उन्हें समझाया, और आखिरकार उनकी 'दुनिया' फिर से चालू हो गई।

लिफ्ट के दरवाज़े और ज़िंदगी के सबक

इस मज़ेदार कहानी से एक बात तो पक्की है – होटल की लिफ्ट हमेशा सरप्राइज़ से भरी रहती है! अगली बार जब भी आप होटल की लिफ्ट का दरवाज़ा खोलें, तो एक बार सोच लें – क्या पता, कौन सा 'सीन' आपका इंतज़ार कर रहा हो!

और रिसेप्शनिस्ट भाई की बात मानें – "अब मैं जब भी लिफ्ट का दरवाज़ा खोलता हूँ, एक कदम पीछे ही रहता हूँ!" क्या पता, किसका एयरपॉड गिरा हो या कोई प्रपोज़ल चल रहा हो!

आपकी राय?

आपके साथ कभी ऐसी कोई मज़ेदार या अजीब घटना घटी है? क्या आपने कभी किसी होटल या ऑफिस की लिफ्ट में कुछ 'अनोखा' देखा है? नीचे कमेंट में ज़रूर बताइए – क्योंकि असली मज़ा तो कहानियाँ बाँटने में ही है!

तो अगली बार जब आप होटल जाएँ, वाईफाई न चले या लिफ्ट में कोई अजीब नज़ारा दिखे, तो याद रखिए – 'जैसी करनी वैसी भरनी', और इंटरनेट के बिना भी ज़िंदगी चल ही जाती है… बस लिफ्ट में सावधानी ज़रूरी है!


मूल रेडिट पोस्ट: Elevator #2