जब पड़ोसी ने अपने पालतू कुत्ते के बदमाश मालिक को हिंदी स्टाइल में सबक सिखाया
हर मोहल्ले में एक न एक ऐसा पड़ोसी ज़रूर होता है, जिसे लगता है कि उसका पालतू जानवर मोहल्ले का राजा है—उसकी हरकतें भी, और गंदगी भी, सबको झेलनी चाहिए! ऐसी ही एक मज़ेदार, कभी-कभी गुस्सा दिला देने वाली और आखिरकार दिल को तसल्ली देने वाली कहानी लेकर आए हैं आज हम, जिसमें एक छोटे से पपी के बहाने पूरे मोहल्ले की सहनशीलता की परीक्षा हो गई।
मोहल्ले की शांति में सेंध: जब "बेला" का राज चलता था
करीब 15-16 साल पहले की बात है। एक सुंदर सी गेटेड कॉलोनी—सोचिए जैसे आपके शहर की कोई पॉश सोसाइटी, जिसमें सब लोग एक-दूसरे के घर के सामने पौधों को पानी देते हैं, बच्चों की आवाज़ें गूंजती हैं और हर किसी की कोशिश होती है कि मोहल्ला साफ-सुथरा रहे। लेकिन, यहाँ एक साहब थे, हम उन्हें "रॉड्रिगो" कहेंगे—उनका पालतू कुत्ता 'बेला', एक छोटा सा Pomeranian, मोहल्ले का सुपरस्टार था।
पर बेला का स्टारडम उसके मालिक के सिर चढ़ गया था। अगर बेला भौंकती, तो रॉड्रिगो कहते, "बेला तो बहुत शांति प्रिय है, आप ही के कान ज़्यादा तेज़ हैं।" अगर बेला किसी और कुत्ते या इंसान पर झपट जाती, तो रॉड्रिगो का जवाब होता—"आपने ही उसे उकसाया होगा।" और सबसे बड़ा सिरदर्द—बेला का हर किसी के लॉन पर जाकर टॉयलेट करना। रॉड्रिगो हर बार यही कहते, "बेला को कहां टॉयलेट करना है, ये मैं कैसे तय करूं? आपकी लॉन तो बस उसके रास्ते में आ गई।"
सब्र का बाँध टूटा: जब बदला लेना ज़रूरी हो गया
अब हुआ यूँ कि लेखक की माँ कॉलोनी की अनुशासन समिति (HOA) में थीं, लेकिन उन्होंने सबको बताया नहीं था। लेखक के सौतेले पापा को एक दिन जब रॉड्रिगो की यह ढिठाई बर्दाश्त नहीं हुई, तो उन्होंने सोच लिया, "अब तो इस बंदे को उसकी भाषा में जवाब देना होगा।"
बस, अगले दिन बेला की ताज़ा गंदगी को पॉलीथीन में बाँधा, एक चमकदार नोट लिखा—"बेला ये घर भूल गई थी, आप संभाल लीजिएगा।" और ये 'गिफ्ट' रॉड्रिगो के घर के दरवाज़े पर टेप कर दिया।
HOA की अगली मीटिंग में रॉड्रिगो बड़े रोष में शिकायत लेकर पहुँचे—"किसी ने मेरे घर पर कुत्ते की गंदगी चिपका दी है, कार्रवाई होनी चाहिए!" लेखक की माँ ने बड़ी मासूमियत से पूछा, "ऐसा कौन करेगा? और क्यों?" जवाब में रॉड्रिगो बस कंधे उचका कर बोले, "पड़ोसियों की हरकतें हैं।"
बदले की अगली किश्त: स्वच्छता का पाठ, हिंदी स्टाइल में
लेकिन रॉड्रिगो भी कहाँ सुधरने वाले थे! दो दिन बाद फिर वही नज़ारा—बेला ने फिर से लॉन में टॉयलेट कर दिया। इस बार लेखक के सौतेले पापा ने गंदगी को पॉलीथीन में डालकर सीधे रॉड्रिगो की कार के विंडशील्ड और ड्राइवर के दरवाजे के हैंडल पर अच्छी तरह फैला दिया। सोचिए, सुबह ऑफिस जाने की जल्दी में रॉड्रिगो कैसा तिलमिलाया होगा!
इसके बाद, बेला और रॉड्रिगो ने लेखक के घर के आसपास फटकना ही बंद कर दिया। सबको समझ आ गया, "जिसकी करनी, उसकी भरनी!"
मोहल्ले की जनता की राय और कुछ चटपटे किस्से
अब इस किस्से पर Reddit पर भी लोगों ने खूब मसालेदार टिप्पणियाँ कीं। एक यूज़र ने लिखा, "हमारे यहाँ तो एक बार जब $35 का जुर्माना लगना शुरू हुआ, तब जाकर लोगों ने अपने कुत्तों की गंदगी उठानी सीखी।" किसी ने तो मज़ाक में ये तक कह दिया, "आपके सौतेले पापा ने रॉड्रिगो की ही दलील को उल्टा करके उसका सामान उसी को लौटा दिया—ये तो असली 'विन-डिक्टिव' (व्यंग्यात्मक बदला) है!"
एक और कमेंट बहुत दिलचस्प था—"मेरे मोहल्ले में एक आंटी ने अपने लॉन पर बोर्ड लगा दिया, 'ये तुम्हारा है? उठा लो!' और चारों तरफ धमकी भरे नोट्स भी चिपका दिए।" सच में, भारतीय मोहल्लों में भी ऐसी तख्तियां कभी-कभी देखने को मिल जाती हैं—"यहाँ पर कुत्ता घुमाना मना है" या फिर "शरारती तत्वों से निवेदन है, गंदगी साफ करके जाएँ!"
कुछ लोगों ने तो गुस्से में लिखा कि ऐसे मालिकों को शर्म आनी चाहिए, जो अपने कुत्ते की गंदगी दूसरों के सिर मढ़ते हैं। वहीं, एक ने मज़ाकिया अंदाज़ में कहा, "अगर अगली बार फिर ऐसा हो, तो पॉलीथीन का मुँह खुला छोड़कर उसी मालिक के हाथ में थमा दो!"
भारतीय संदर्भ में—प्यारे पालतू, जिम्मेदार मालिक
भारत में भी अब बड़े शहरों में पालतू कुत्तों के लिए नियम-कायदे बनते जा रहे हैं। कई सोसाइटियों में बोर्ड लगे रहते हैं, CCTV से नजर रखी जाती है और कुछ जगह चालान भी काटे जाते हैं। लेकिन असली बदलाव तभी आता है, जब लोग खुद जिम्मेदारी समझें—"कुत्ता आपका है, मोहल्ला सबका है!"
इस Reddit की कहानी ने ये साबित कर दिया कि कभी-कभी अपनी बात मनवाने के लिए थोड़ा सा 'पेटी रिवेंज' (छोटा बदला) भी ज़रूरी हो जाता है—वो भी तमीज़ और तड़के के साथ!
निष्कर्ष: क्या आप भी ऐसी किसी हरकत के शिकार हुए हैं?
तो दोस्तों, आपके मोहल्ले में भी कोई 'रॉड्रिगो' टाइप पड़ोसी है क्या? या कभी आपको अपने कुत्ते की वजह से शर्मिंदगी उठानी पड़ी? नीचे कमेंट बॉक्स में अपने अनुभव जरूर शेयर करें—कौन जाने, किसी दिन आपकी कहानी भी हिंदी सोशल मीडिया पर वायरल हो जाए!
याद रखिए, मोहल्ला सबका है—प्यार भी, गुस्सा भी, और सफाई की जिम्मेदारी भी!
मूल रेडिट पोस्ट: The one time my stepdad got petty revenge on a dog walking neighbor.