जब बच्चों की शरारत पर भारी पड़ी ‘तेल-शक्कर’ वाली चतुराई!
कहते हैं, हर इमारत की खिड़की के पीछे एक कहानी छुपी होती है। लेकिन अगर आपकी खिड़की के बाहर कोई पेड़ हो, और उस पर पड़ोस के बच्चे चढ़कर झाँकने लगें—तो यह कहानी थोड़ी मसालेदार हो जाती है! आज हम आपको 90 के दशक की एक ऐसी मजेदार घटना सुनाने जा रहे हैं, जिसमें एक छात्रा ने बच्चों की शैतानी का ऐसा इलाज किया, जो शायद आपके चेहरे पर भी मुस्कान ला देगा।